गबन, जातीय विवाद और अनुशासनहीनता में घिरे देवेन्द्र वर्मा की सदस्यता खत्म!
संवाददाता कौटिल्य का भारत
बस्ती
परशुरामपुर क्षेत्र से जुड़े श्री देवेन्द्र वर्मा पर गंभीर आरोपों के मद्देनज़र संगठन ने कड़ा रुख अपनाते हुए उनकी प्राथमिक सदस्यता समाप्त कर दी है। संगठन के पदाधिकारियों के अनुसार, वर्मा पर पेंशन आंदोलन, सदस्यता अभियान एवं संघर्ष के नाम पर वसूली गई धनराशि में से लगभग 1,43,760 रुपये के गबन का आरोप है।इसके अलावा उन पर लगातार अनुशासनहीनता, अनुसूचित जाति के एक पदाधिकारी के खिलाफ जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने तथा हाथ-पैर तोड़ने की धमकी देने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं।
बताया गया कि जनपदीय अधिवेशन के दौरान और उसके बाद भी वर्मा द्वारा व्हाट्सएप, समाचार पत्रों और फेसबुक जैसे माध्यमों पर संगठन विरोधी गतिविधियां की गईं। साथ ही संगठन में जातीय भावना भड़काकर विभाजन की कोशिश करने के आरोप भी सामने आए हैं।इन सभी आरोपों पर सम्यक विचार-विमर्श के बाद संगठन ने यह कठोर निर्णय लिया।यह निर्णय जिलाध्यक्ष उदय शंकर शुक्ल, जिला मंत्री राघवेंद्र सिंह, जिला कोषाध्यक्ष अभय सिंह यादव, जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष आनंद दूबे, जिला संयुक्त मंत्री राजकुमार सिंह, जिला संयुक्त मंत्री सूर्य प्रकाश शुक्ल तथा जिला प्रवक्ता द्वारा संयुक्त रूप से लिया गया।
बताते हैं इस के बाद कुछ प्रतिक्रिया भी स्वाभाविक हैं
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